Arvind Kejriwal Press Conference: दिल्ली की अदालत ने आज (शुक्रवार को) आम आदमी पार्टी के संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और 21 अन्य लोगों को कथित शराब नीति घोटाला मामले में बरी कर दिया है। CBI को फटकार लगाते हुए कहा कि उसे पॉलिसी में कोई 'व्यापक साजिश या आपराधिक इरादा' नहीं मिला। कोर्ट के इस फैसले पर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जज साहब ने वाकई बहुत हिम्मत दिखाई।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि कोर्ट ने एक बहुत ऐतिहासिक फैसला दिया है। इसके लिए मैं ज्यूडिशियरी का बहुत-बहुत धन्यवाद करना चाहता हूं। जज साहब का बहुत-बहुत धन्यवाद करना चाहता हूं। आज के इस माहौल में जब सारी संस्थाओं को, सारे अथॉरिटीज को डराया जा रहा है, धमकाया जा रहा है, ऐसे में इतना बड़ा न्याय करने के लिए जज साहब ने वाकई बहुत हिम्मत दिखाई है।
AAP संयोजक ने आगे कहा, 'मैं उन सभी वकील भाइयों का धन्यवाद करना चाहता हूं जिन्होंने एक-एक कदम हम लोगों का साथ दिया, हमारी ये लड़ाई न्यायालय में लड़ी। आप जान रहे हैं कि किस तरह से पिछले चार साल से ईडी को, सीबीआई को, सारी संस्थाओं को इस्तेमाल करके हमारे ऊपर एक शराब घोटाला नाम का एक आरोप लगाया गया। सीबीआई ने, ईडी ने उसमें चार्जशीट फाइल की। आज कोर्ट को प्राइमा फेसी ये निर्णय लेना था कि क्या सबूत और गवाहों के बयानों के आधार पर सफिशिएंट मटेरियल है कि इसमें मुकदमा चलाया जाए? कोर्ट ने लगभग 600 पेज के आदेश में सारे सबूतों और सारे गवाहों को मद्देनजर रखते हुए ये कहा है कि इतना भी सबूत नहीं है कि इसमें मुकदमा तक चलाया जा सके।
अरविंद केजरीवाल ने कहा, 'कोर्ट ने मेरे खिलाफ केस को पूरी तरह फर्जी बताया। CBI को मेरे विरुद्ध एक भी सबूत नहीं मिला। मैंने सिर्फ ईमानदारी कमाई है। कोर्ट ने माना कि केजरीवाल और मनीष सिसोदिया कट्टर ईमानदार हैं। दो लोगों ने मिलकर मेरे खिलाफ साजिश रची। मेरी ईमानदारी पर चोट करने के लिए झूठे केस में फंसाया गया।'
जान लें कि सीबीआई, AAP की पूर्ववर्ती सरकार की तरफ से रद्द की जा चुकी आबकारी नीति में कथित भ्रष्टाचार की जांच कर रही थी। कोर्ट का निर्णय आते ही मीडिया के सामने बातचीत में अरविंद केजरीवाल रो पड़े थे। उन्होंने कहा कि उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार का मामला स्वतंत्र भारत के इतिहास में 'सबसे बड़ी राजनीतिक साजिश' थी।
तीन बार के मुख्यमंत्री रहे अरविंद केजरीवाल ने कहा, 'कोर्ट ने साबित कर दिया है कि केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और आम आदमी पार्टी 'कट्टर ईमानदार' हैं।' इस केस में केजरीवाल 6 महीने जेल में रहे, जबकि मनीष सिसोदिया करीब दो साल तक सलाखों के पीछे रहे। हालांकि, सीबीआई ने कहा कि वह निचली अदालत के निर्णय के खिलाफ तत्काल दिल्ली हाईकोर्ट में अपील दायर करेगी।
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